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शुक्रवार, 25 अगस्त 2017

770...शब्द.. लड़ते हैं, झगड़ते हैं, डराते हैं, धौंस दिखाते हैं.

सादर अभिवादन..
निपट गई तीज भी
आज गणेश चतुर्थी है...
आज जो पढ़ी गई उसमे से कुछ......

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जीवन की राहों में गाँठ एक जोड़ा
दुनिया जहान में ढूँढ लाए वर मोरा
नेह के नभ पिया मैं चाँद औ चकोरा
हाथ थाम चलूँ हिय प्रीत के हिलोरा
डोली में आई अब काँधे जाऊँ तोरा

पढाई कोई शौक के लिए थोड़ी की जाती है भला ! वह तो जरुरी होती है। यह उसे समझ नहीं आती। उसे तो खीझ हो उठती है, जब घर का हर सदस्य उसे कहता ,'मनु पढ़ ले !' हद तो ये भी है कि घर का पालतू , पिंजरे में बंद तोता भी पुकार उठता है ,'मनु पढ़ ले!' मनु परेशान हुआ सोच रहा है। ये पढाई बहुत ही खराब चीज़ है। पैंसिल मुँह में पकड़ कर गोल-गोल घुमा रहा है। " परीक्षा सर पर है , अब तो पढ़ ले मनु ! "


 " सॉरी सर मैं पार्टटाइम जॉब करती हूँ किसी का टाइम पास नही हूँ ।" 
कहते हुए फोन काटने तक मेरी आवाज में आज फिर भारीपन उतर चुका था..

सिर्फ नेह ही तो .....
बरसाए थे उमरते गगन ने!
स्नेह के....
अनुकूल थे कितने ही ये मौसम!
क्यूँ तंज कसने लगी है अब ये उमस?
दुरूह सा क्यूँ हुआ....
ये बदली का असह्य मौसम?


नवनिहारिका नशा नयन मद,
प्रेम अगन सघन वन दहके .
सुभग सुहागन अवनि अम्बर,
बिहँस विवश बस विश्व भी बहके.



ऐ वक्त.... जयश्री वर्मा
अपना हर लम्हा,हर क्षण,मैंने तेरे ही तो नाम लिखा,
बाल्यावस्था,तरुणाई,यौवन,हर वक्त तेरे साथ दिखा,
मैंने अपनी हर सांस का,हर पल,तुझ संग ही तो जिया,
तूने मुझे केवल,जन्मतिथि-पुण्यतिथि में दर्ज किया?

इसी के साथ इज़ाज़त दे 
सादर
यशोदा ..



13 टिप्‍पणियां:

  1. सुन्दर संकलन. विशेष रूप से समाज को दीर्घ सन्देश सुनाने वाले लघु कथाकारों को ख़ास बधाई. बहुत बढ़िया प्रस्तुति तीज के पारण पर!

    जवाब देंहटाएं
  2. आदरणीय दीदी शुभप्रभात
    आज का ताज़ा अंक कई मायनों में विशेष है
    पुरुषोत्तम जी एवं विश्वमोहन जी की रचना अच्छी लगी ,सभी रचनायें बेहतर।

    रचनाओं का चयन उम्दा ! शुभकामनाओं सहित ,आभार ''एकलव्य"

    जवाब देंहटाएं
  3. इस टिप्पणी को लेखक ने हटा दिया है.

    जवाब देंहटाएं
  4. बहुत सुंदर लघुकथाएँ एवं रचनाएँ दी आज के संकलन में,
    गणेश चतुर्थी की हार्दिक शुभकामनाएँ आप सभी को।
    मेरी रचना को मान देने के लिए हृदय से आभार आपका दी।

    जवाब देंहटाएं
  5. गणेश चतुर्थी की हार्दिक शुभकामनाएँ आप सभी को..
    सुंदर संकलन..
    सभी रचनाकारों को बधाई।
    धन्यवाद।

    जवाब देंहटाएं
  6. बहुत अच्छी हलचल प्रस्तुति
    गणेशोत्सव की हार्दिक शुभकामनाएँ।

    जवाब देंहटाएं
  7. इस टिप्पणी को लेखक ने हटा दिया है.

    जवाब देंहटाएं
  8. गणेश चतुर्थी की शुभकामनायेँ।
    आज का अंक बहुत आकर्षक एवं विविधता से परिपूर्ण है। सुन्दर,प्रेरक सूत्रों का चयन। सभी रचनाकारों को बधाई एवं शुभकामनाएं। आभार सादर।

    जवाब देंहटाएं
  9. गणेश चतुर्थी की शुभकामनायेँ। बहुत सुन्दर प्रस्तुति।

    जवाब देंहटाएं
  10. बहुत बढियासंकलन....
    उम्दा प्रस्तुतिकरण...
    गणेश चतुर्थी की शुभकामनाएं...

    जवाब देंहटाएं

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