सादर अभिवादन
30 दिसंबर
राष्ट्रीय संकल्प दिवस
राष्ट्रीय संकल्प दिवस
30 दिसंबर को कौनसा दिवस मनाया जाता है? अगर नहीं, तो यह लेख आपके लिए है, क्योंकि आज हम 30 दिसंबर को मनाये जाने वाले दिवस पर चर्चा करेंगे। बता दें कि तारीखों से जुड़े सामान्य ज्ञान से परिचित रहना बहुत जरूरी है क्योंकि कई कॉम्पिटेटिव परीक्षाओं में इससे संबंधित प्रश्न अक्सर पूछे जाते हैं।
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अगले दिन सुबह जल्दी उठकर हम कर्नाटक की दूसरी सबसे बड़ी झील अय्यनाकेरे, जो चिकमगलूर शहर से 20 किलोमीटर दूर है, पुन: देखने आये। यह झील खेती के लिए पानी की आपूर्ति के लिए बनाई गई थी. इस झील के चारों ओर तीन पहाड़ हैं, जिनमें शकुनागिरी पहाड़ सबसे खूबसूरत है.
चलो निकाले
बीच का रास्ता
एक बनाये चाय
तो एक बनाये नाश्ता
कुछ ऐसी #सुलह से
हुई पूरी गुजारिश है ।
बादल है
बारिश है
एक चाय और
पकोड़े की गुजारिश है ।
यही वेदना कबसे सहती
पग पग पर दुर्योधन है
पुत्र स्वयं का कहीं खड़ा हो
करे नीच सम्बोधन है
नहीं सुरक्षित दूजी बेटी
अब यह घाव लगे रिसने।।
कवि उकेरता हैं
एक किस्सा
निचोड़ा है उसने एक एक शब्द
अपने अनुभव की धूप से
तब कहीं जाकर रचता है
एक अद्भुत कलजयी रचना
पर जैसा कहा
क्या दूसरा वैसा ही समझ सकता है
क्या सच के पीछे छुपा सच समझ आता है
मेरे अश्रु छुपाने वाला
बस मेरा अंधियारा है !
अभिनय से अभीष्ट पा लेना,
यह मेरा व्यवहार नहीं है
तेरी पीड़ाओं पर साथी,
अब मेरा अधिकार नहीं है ?
आज बस
वंदन



