पाँच लिंकों का आनन्द

पाँच लिंकों का आनन्द

आनन्द के साथ-साथ उत्साह भी है...अब आप के और हमारे सहयोग से प्रतिदिन सज रही है पांच लिंकों का आनन्द की हलचल..... पांच रचनाओं के चयन के लिये आप सब की नयी पुरानी श्रेष्ठ रचनाएं आमंत्रित हैं। आप चाहें तो आप अन्य किसी रचनाकार की श्रेष्ठ रचना की जानकारी भी हमे दे सकते हैं। अन्य रचनाकारों से भी हमारा निवेदन है कि आप भी यहां चर्चाकार बनकर सब को आनंदित करें.... इस के लिये आप केवल इस ब्लॉग पर दिये संपर्क प्रारूप का प्रयोग करें। इस आशा के साथ। हम सब संस्थापक पांच लिंकों का आनंद। धन्यवाद

समर्थक

शनिवार, 29 अक्तूबर 2016

470 .... छोटी दीवाली





यथायोग्य सभी को
प्रणामाशीष

हमारे घर में ... यानि मैके और ससुराल में
आज रात्रि में ... सोने जाने से पहले
एक दीया घर के बाहर कूड़े के ढ़ेर पर जलाया जाता है
पहले कूड़े का ढ़ेर को खाद बना दिया जाता था
 कूड़े का ढ़ेर भी महत्वपूर्ण है




Image result for दीपावली पर कविता






Image result for दीपावली पर कविता











Image result for दीपावली पर कविता




deep









Diwali SMS (Funny)



diwali17.gif


फिर मिलेंगे ... तब तक के लिए

आखरी सलाम


विभा रानी श्रीवास्तव


5 टिप्‍पणियां:

  1. आदरणीय दीदी
    सादर चरणस्पर्श
    मनमोहक प्रस्तुति
    सादर

    उत्तर देंहटाएं
  2. सुन्दर प्रस्तुति ......शुभकामनायें ...

    उत्तर देंहटाएं
  3. बहुत सुन्दर शनिवारीय हलचल प्रस्तुति विभा जी ।

    उत्तर देंहटाएं
  4. बहुत सुन्दर दीपमय हलचल प्रस्तुति

    उत्तर देंहटाएं
  5. sabhi ne bahut acha kaam kiya h mene bhi apna blog suru kiya please check batoo kasa laga My blog

    उत्तर देंहटाएं

आभार। कृपया ब्लाग को फॉलो भी करें

आपकी टिप्पणियाँ एवं प्रतिक्रियाएँ हमारा उत्साह बढाती हैं और हमें बेहतर होने में मदद करती हैं !! आप से निवेदन है आप टिप्पणियों द्वारा दैनिक प्रस्तुति पर अपने विचार अवश्य व्यक्त करें।

टिप्पणीकारों से निवेदन

1. आज के प्रस्तुत अंक में पांचों रचनाएं आप को कैसी लगी? संबंधित ब्लॉगों पर टिप्पणी देकर भी रचनाकारों का मनोबल बढ़ाएं।
2. टिप्पणियां केवल प्रस्तुति पर या लिंक की गयी रचनाओं पर ही दें। सभ्य भाषा का प्रयोग करें . किसी की भावनाओं को आहत करने वाली भाषा का प्रयोग न करें।
३. प्रस्तुति पर अपनी वास्तविक राय प्रकट करें .
4. लिंक की गयी रचनाओं के विचार, रचनाकार के व्यक्तिगत विचार है, ये आवश्यक नहीं कि चर्चाकार, प्रबंधक या संचालक भी इस से सहमत हो।
प्रस्तुति पर आपकी अनुमोल समीक्षा व अमूल्य टिप्पणियों के लिए आपका हार्दिक आभार।




Related Posts Plugin for WordPress, Blogger...