पाँच लिंकों का आनन्द

पाँच लिंकों का आनन्द

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सोमवार, 4 जुलाई 2016

353..नेताओं ने देश का, क्या कर डाला हाल

सादर अभिवादन
आज सुबह से सब का शानदार साथ मिला
सबसे मिला..मनपसंद खाना बनवाई
कारण.. न कोई सालगिरह
और नही कोई जन्मदिन
फिर भी दिन के तीन कैसे बज गए
मालूम ही नहीं पड़ा
क्यों पड़ेगा साथ सब थे न
बस साथ नहीं था तो
इन्टरनेट...
आज का पसंदीदा रचनाएँ...












आज्ञा दें यशोदा को
कल के बाद परसों फिर मिलते हैं
सादर

4 टिप्‍पणियां:

  1. सुन्दर सार्थक सूत्र ! बहुत सुन्दर प्रस्तुति ! मेरी रचना को आज सम्मिलित करने के लिये आपका बहुत-बहुत धन्यवाद एवं आभार यशोदा जी !

    उत्तर देंहटाएं
  2. बहुत सुन्दर प्रस्तुति दी है यशोदा जी खाना बनने के बाद आये इन्टरनेट के साथ ।

    उत्तर देंहटाएं
  3. शुभप्रभात....
    सुंदर संयोजन....

    उत्तर देंहटाएं
  4. बहुत अच्छी बुलेटिन प्रस्तुति
    आभार!

    उत्तर देंहटाएं

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